एस के श्रीवास्तव विकास

वाराणसी/-राष्ट्रीय पंचायती राज प्रधान संगठन के प्रदेश अध्यक्ष ललित शर्मा ने चिरईगांव ब्लॉक के सम्मानित प्रधानों के साथ बैठक कर कहा कि वर्तमान समय में पंचायतों के समक्ष कई गंभीर कठिनाइयाँ उत्पन्न हो रही हैं,जिनके समाधान हेतु शासन और सरकार को तेज़ी से कार्य करना होगा।प्रदेश अध्यक्ष ने बताया कि माननीय मुख्य सचिव महोदय के साथ हुई पिछली बैठक में लिए गए निर्णयों के क्रम में कुछ शासनादेश जारी हो चुके हैं,जबकि कुछ महत्वपूर्ण बिंदु अभी विचाराधीन हैं।संगठन का स्पष्ट मानना है कि पंचायतों को आर्थिक रूप से सशक्त किए बिना विकसित उत्तर प्रदेश की कल्पना अधूरी है।उन्होंने कहा कि यदि नगरीय क्षेत्र का विस्तार करना ही है

तो पंचायत चुनाव से पहले किया जाए, ताकि निर्वाचित प्रधानों को कार्यकाल समाप्त होने से पहले न हटाया जाए।उन्होंने बताया कि देश में शहरी आबादी लगभग 32% है, जबकि उत्तर प्रदेश में यह मात्र 22-23% है।ऐसे में जिन राजस्व गाँवों की जनसंख्या 20,000 से अधिक है,उन्हें नगर पंचायत का दर्जा देकर तेज़ी से विकास सुनिश्चित किया जाए।प्रदेश अध्यक्ष ने मांग की कि माननीय मुख्यमंत्री जी द्वारा 15 दिसंबर 2021 को की गई घोषणा अनुसार मनरेगा का संचालन पंचायतों को सौंपा जाए,किंतु अभी तक कोई प्रगति नहीं हुई है।इसके साथ ही जल जीवन मिशन के अंतर्गत हर घर नल जल योजना से हुए नुकसान की भरपाई भी ग्राम पंचायतों को दी जाए और खंडित मार्गों की मरम्मत के लिए अतिरिक्त धनराशि उपलब्ध कराई जाए।उन्होंने यह भी कहा कि जिस प्रकार शहरों में आवास के लिए धन दिया जाता है,वही सुविधा ग्रामीण क्षेत्रों में भी दी जाए ताकि गरीब परिवार अपना घर बना सकें।प्रदेश अध्यक्ष ने दोहराया कि राज्य की 75% आबादी ग्राम सभाओं में रहती है,लेकिन सरकार शहरों और गाँवों में भेदभाव कर रही है,जिसे समाप्त करना होगा।बैठक में उपस्थित सम्मानित प्रधानों ने प्रदेश अध्यक्ष का भव्य स्वागत किया और सर्वेद मंदिर में दर्शन भी किए।इस अवसर पर वाराणसी जिला अध्यक्ष राकेश कुमार सिंह,भदोही जिला अध्यक्ष बृजेश दुबे,चंदौली जिला अध्यक्ष पवन सिंह,चिरईगांव ब्लॉक अध्यक्ष लाल बहादुर पटेल,जिला महामंत्री मधुबन यादव,जिला प्रवक्ता राजेश उपाध्याय,जिला उपाध्यक्ष उदय प्रताप सिंह,शकील अहमद,नरसिंहगढ़ राजभर,विशाल चौहान,पंकज गिरी,मिथिलेश,फूलचंद प्रधान,पारस प्रधान,प्रधान राजेश सहित कई सम्मानित प्रधानगण उपस्थित रहे।प्रदेश अध्यक्ष ने सभी प्रधान साथियों को आगामी 8 जुलाई को लखनऊ में प्रस्तावित जिला स्तरीय,मंडल स्तरीय एवं प्रदेश स्तरीय बैठक में अधिक से अधिक संख्या में भाग लेने का आह्वान किया,ताकि पंचायतों के हित में ठोस निर्णय लिए जा सकें।

