एस के श्रीवास्तव विकास

वाराणसी/-माता पिता और बच्चों की देखभाल करने वाले अभिभावकों के साथ पोषण व शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए समुदाय के साथ संवाद स्थापित कर अपने उत्तर दायित्वों का निर्वहन करेंगी प्रशिक्षित आंगनबाड़ी कार्यकत्री उक्त बातें जिला ग्राम्य विकास संस्थान परमानंदपुर में 16 जून से चल रहे आंगनबाड़ी सहायिका से आंगनबाड़ी कार्यकत्री के पद पर प्रतिचयनित आँगनबाड़ी कार्यकत्रियों के सात दिवसीय आवासीय आधारभूत प्रशिक्षण सत्र के समापन अवसर पर प्रशिक्षुओं को सम्बोधित करते हुए जिला प्रशिक्षण अधिकारी विमल कुमार सिंह ने कही।प्रशिक्षण सत्र के दौरान आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को सम्बोधित करते हुए जिला कार्यक्रम अधिकारी डी के सिंह ने कहा कि सात दिवसीय प्रशिक्षण सत्र के दौरान प्राप्त जानकारी के माध्यम से अपने कार्यक्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने का संकल्प लेकर जाएं सभी आंगनबाड़ी।प्रशिक्षण कार्यक्रम के सात दिवसों में मास्टर ट्रेनर पुष्पा सिंह,राधेश्याम यादव,सीडीपीओ आशीष कुमार वर्मा द्वारा प्रशिक्षुओं को आईसीडीएस विभाग का परिचय, लाभार्थियों को दी जाने वाली सेवाओं,आंगनबाड़ी की भूमिका,पोषण का महत्व,पोषक तत्वों के प्रकार,जीवन के सुनहरे एक हजार दिन,गर्भावस्था के दौरान मातृ पोषण,अनुपूरक पुष्टाहार,प्रधानमंत्री वंदना योजना,वृद्धि निगरानी,पोषण ट्रैकर एप्लिकेशन,डेली ट्रैकिंग,बाल मैत्री,स्वच्छता सुविधाओं का मानक आदि के बारे में जानकारी दी गई और विभिन्न गतिविधियों का अभ्यास कराया गया।प्रशिक्षण कार्यक्रम बाल विकास परियोजना क्षेत्र आरजीलाईन,बड़ागांव,चिरईगांव,चोलापुर व नगर क्षेत्र से चयनित 31 आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को प्रशिक्षित किया गया।समापन अवसर पर सत्र प्रभारी संजय कुमार द्वारा सभी प्रशिक्षुओं एवं अतिथियों का धन्यवाद ज्ञापित किया गया।इस अवसर पर सुरेश तिवारी,नीरज कुमार,रेखा देवी,पिंकी सिंह,माला देवी,नफीसा बानो,गीता देवी,रंजना केशरी,माया देवी,मीरा चौरसिया,पूनम,बिन्दु मौर्या,इंद्रा देवी,मधुलता मिश्रा,स्नेहलता,उर्मिला,नीलम आदि की उपस्थिति रही।

